आदर्श वक्ता का रहस्य | श्रीमद्भागवतम् 1.1.6 से गुरु-तत्व की सीख

श्रीमद्भागवतम् 1.1.6

क्या आपने कभी सोचा है—कि एक ही बात,एक ही शब्द,अगर कोई साधारण व्यक्ति कह दे तो हम सुनकर भूल जाते हैं…लेकिन वही बातजब कोई महापुरुष कह देता है,तो वह सीधे हमारे हृदय के अंधकार को मिटा देती है? आख़िर ऐसा क्यों होता है? वाणी तो वही है…शब्द भी वही हैं…फिर अंतर कहाँ है? भक्तों,आज हम … Read more

भगवान की शरण में आने का सबसे बड़ा चमत्कार

भगवान की शरण में आने का सबसे बड़ा चमत्कार

🔹प्रस्तावना क्या आपने कभी सोचा है कि भगवान की शरण में आने का सबसे बड़ा चमत्कार क्या होता है?वह चमत्कार यह है कि — चाहे कोई कितना भी बड़ा पापी क्यों न हो, किसी भी जाति, देश या परिस्थिति से जुड़ा क्यों न हो, यदि वह सच्चे मन से भगवान की भक्ति करता है, तो … Read more

भक्त की सेवा – Moral Stories in Hindi

भगवान कृष्ण एक भक्त के पास खड़े हैं, उनका सौम्य भाव और वरद मुद्रा भक्तिवृद्धि तथा शरणागति का गहन संदेश प्रकट करती है।

मद्भक्तपूजाभ्यधिका” — “मेरे भक्त की सेवा, मेरी पूजा से भी अधिक श्रेष्ठ है। प्राचीन काल की बात है। दक्षिण भारत में एक प्रसिद्ध मंदिर था, जहाँ हर दिन हजारों लोग भगवान विष्णु की आराधना के लिए आते थे। वहीं, उसी नगर में एक साधारण पर अत्यंत निष्कलंक वृद्ध संत रहा करते थे — नाम था भीक्तिदास। … Read more